abslm 1/3/2023 एस• के• मित्तल
सफीदों,अपनी मांगों को लेकर सीएम आवास के घेराव के लिए बड़ी संख्या में सफीदों ब्लाक के सरपंच यहां के गुरूद्वारा सच्चा सौदा से रवाना हुए। सरपंचों की अगुवाई ब्लाक सफीदों सरपंच एसोसिएशन के अध्यक्ष निरवैर सिंह ने की। इस मौके पर सरपंचों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पत्रकारों से बातचीत में एसोसिएशन के अध्यक्ष निरवैर सिंह ने कहा कि सरकार ने विकास कराने की खर्च सीमा भी महज दो लाख तक कर दी है। इससे अधिक के कार्य ई-टेंडरिंग के माध्यम से होंगे जिससे भ्रष्टाचार व अफसरशाही को बढ़ावा मिलेगा तथा गांवों में विकास कार्य प्रभावित होंगे। उनका कहना था कि सरकार के दिल में सरपंचों का कोई मान-सम्मान नहीं बचा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हरियाणा के पंचायत मंत्री देवेंद्र बबली अपने भाषणों में सरपंचों को चोर बता रहे है तथा बार-बार राईट-टू-रिकॉल कानून की धमकियां दे रहे हैं। सरकार के द्वारा सरपंचों को डराने, धमकाने व दबाने का प्रयास किया जा रहा है।गांवों की जनता ने उन्हे चुनकर भेजा है और सरपंच का पद अपने आप में बेहद सम्मानित ओहदा होता है। चुनावों के उन्होंने जनता से बड़े-बड़े वायदे किए थे लेकिन सरकार ने तानाशाही अपनाते हुए उनके हाथों से सारी पावर छीन ली है। ऐसे में वे कैसे गांवों का विकास करवा पाएंगे और कैसे जनता से किए गए वायदे वे पूरे कर पाएंगे। उन्होंने सरकार से मांग की कि सरकार अपना तुगलकी फरमान वापिस लें और ग्राम पंचायतों को 20 लाख रुपये तक के कार्य करवाने की छूट दी जाएं। सरकार जब तक सरपंचों को ग्राम विकास के लिए पूरी शक्ति प्रदान नहीं करेगी तब तक उनका धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा।
फोटो कैप्शन 1एसएफडीएम6.: रवाना होने से पूर्व गुरूद्वारा परिसर के बाहर एकत्रित हुए सरपंच।
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