भारतीय वायुसेना का 37 सदस्यीय त्वरित चिकित्सा दल फिलिन तूफान के बाद चिकित्सा आपदा से निपटने के लिए असम के जोरहाट से उड़ीसा पहुंचा। इसमें एक सर्जन, एक निश्चेतक (एनेस्थेटिस्ट) तथा एक महिला चिकित्सा अधिकारी हैं। इस दल के साथ दो नर्सिंग अधिकारी तथा अन्य पारामेडिकल कर्मी हैं।
दल का नेतृत्व कर रही डॉक्टर स्केवर्डन लीडर लवनीत कौर ने कहा कि हमने हर स्थिति से निपटने की तैयारी की है।
शल्य चिकित्सा विशेषज्ञ विंग कमांडर एस वी कुलकर्णी ने बताया कि हमारी टीम ने घायल 30 मरीजों का ईलाज किया, इनमें अधिकतर बच्चे और महिलाएं थीं।
भारतीय वायुसेना ने आपदा स्थित से निपटने के लिए 1999 में बंगलौर, जोरहाट तथा हिंडन में त्वरित मेडिकल टीम का गठन किया था। अब यह दल बहरामपुर से भुवनेश्वर चला गया है।
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