abslm 12/10/2021 एस• के• मित्तल :
हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद की राज्य स्तरीय परियोजना बाल सलाह परामर्श एवं कल्याण केंद्रों की स्थापना के अंतर्गत अभिभावकों एवं किशोर बच्चों के लिए मजबूत भावनात्मक बंधन की अनुभूति अच्छी परवरिश का आधार विषय पर नगर के बीएसएम स्कूल में सेमिनार का आयोजन किया गया। इस सेमीनार में मुख्यातिथि हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद के मानद महासचिव प्रवीण अत्री रहे। वहीं बतौर मुख्य वक्ता मंडलीय बाल कल्याण अधिकारी रोहतक एवं राज्य नोडल अधिकारी अनिल मलिक ने शिरकत की। कार्यक्रम की संयुक्त अध्यक्षता स्कूल के चेयरमैन अरूण खर्ब व प्रबंधक अनिल खर्ब ने की। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्वलित करके किया। अपने संबोधन में मुख्यातिथि प्रवीन अत्री ने कहा कि बच्चे माता-पिता से दिल खोलकर बातें करें तथा मन में उत्पन्न सवालों का समाधान ढूंढे। अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति, समय प्रबंधन, सुरुचिकर क्षेत्र में भविष्य कार्य योजना तैयार करते हुए खुद का भरोसा बढ़ाएं। माता-पिता अपनी व्यवहारिक शैली पर विशेष ध्यान दें। बेहतर संबंधों का निर्माण खुले दिल और खुली बांहों से विकसित होने दें। यह सिर्फ ना आपके परिवार बल्कि समाज के लिए भी एक सुखद एहसास होगा। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राज्य नोडल अधिकारी अनिल मलिक ने कहा कि संकट जितना बड़ा हो संकल्प उतना ही दृढ़ होना चाहिए। संकल्प का सीधा संबंध भावनाओं से जुड़ा होता है। जीवन में कामयाबी के लिए भावुकता तथा भावनात्मकता के सूक्ष्म अंतर को समझना बहुत जरूरी है।यूट्यूब पर यह भी देखें सब्सक्राइब करें और अपने सभी दोस्तों को शेयर करें... सभी खबरों की अपडेट के लिए घंटी जरूर दबाएं...
बाल्यावस्था से ही मजबूत भावनात्मक बंधन की अनुभूति एक सुखद भविष्य जीवन के लिए सही मार्ग प्रशस्त करने वाली होती है। यह बहुत ही महत्वपूर्ण है कि आप एक दूसरे के अनुभवों, विचारों, भावनाओं और बदलती रुचियां के बारे में जान सकते हैं, अगर आप एक दूसरे को धैर्य से सुनते और समझते हैं। जब भी बच्चों को माता-पिता की सहायता, मदद और देखभाल की आवश्यकता हो हमेशा उनके लिए उपलब्ध रहें। बच्चों की क्षमता और रुचियां जाने, व्यवहार को समझें, उनकी कमजोरियों को दूर करें, उन्हें आगे बढऩे का रास्ता दिखाएं, प्रोत्साहित करते रहे, उनके लिए अवसर निर्मित करें, कभी भी किसी से तुलना ना करें, अपने वायदे पर खरा उतरे, एक और बेहतर प्रयास के लिए हमेशा प्रेरित करते रहें। कार्यक्रम की संयुक्त अध्यक्षता कर रहे स्कूल के ख्चेयरमैन अरुण खर्ब व प्रबंधक अनिल खर्ब ने मुख्यातिथि प्रवीण अत्री व मुख्यवक्ता अनिल मलिक का विशेष धन्यवाद करते हुए कहा कि मनोवैज्ञानिक परामर्श सेवाएं समय की आवश्यकता है तथा राज्य परिषद के माध्यम से बेहतरीन अवसर निर्मित किए जा रहे हैं। कार्यक्रम के समापन पर अतिथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में हिसार मंडल की बाल कल्याण अधिकारी कमलेश चाहर, जिला बाल कल्याण अधिकारी अनिल सिंगला, कार्यक्रम अधिकारी मलकीत चहल, परियोजना को-ऑर्डिनेटर उदय चंद, परामर्शदाता नीरज कुमार, विमल राय, राम प्रकाश शर्मा, प्रदीप शर्मा व अभिषेक सैनी विशेष रूप से उपस्थित थे।
फोटो कैप्शन 5.: दीप प्रज्ज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए मुख्यातिथि प्रवीन अत्री व अन्य।
फोटो कैप्शन 6.: सेमीनार में मौजूद अतिथिगण।


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