नई दिल्ली ABSLM - 05/02/2015
दिल्ली विधानसभा का चुनाव प्रचार गुरुवार शाम को थम गया। सात फरवरी को होने वाले इस चुनाव में बीजेपी ने तेजी से उभरी आम आदमी पार्टी (आप) को शिकस्त देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की छवि का भरपूर इस्तेमाल किया। नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में विभिन्न दलों के नेताओं की करीब 100 रैलियों का सिलसिला शाम छह बजे थम गया।
इस चुनाव प्रचार में राजनीतिक दलों ने एक दूसरे पर बड़े तीखे आरोप-प्रत्यारोप लगाए। प्रचार के समापन के बाद अब बड़े दलों के कार्यकर्ता 70 विधानसभा सीटों में घर-घर जाकर समर्थन जुटाने में लग गए हैं।
बीजेपी की रणनीति का केजरीवाल की अगुआई वाली आप ने मुकाबला किया और उसने मोदी लहर को रोकने के अपने प्रयास के लिए जमकर संगठित अभियान चलाया।
बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह और केंद्रीय मंत्री एम. वेंकैया नायडू जैसे बीजेपी नेताओं ने एहतियात बरतते हुए पहले ही कह दिया है कि दिल्ली चुनाव मोदी सरकार के कामकाज पर जनमत संग्रह नहीं है। इस बयान को आलोचक प्रधानमंत्री को आलोचना से बचाने के प्रयास के रूप में देख रहे हैं।

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