21 सितम्बर 2016
नई दिल्ली। भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (एसीबी) ने दिल्ली महिला आयोग में भर्तियों में कथित अनियमितता के सिलसिले में इसकी प्रमुख स्वाति मालीवाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। एसीबी के एक वरिष्" अधिकारी ने बताया, ``भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम की धारा 13 (डी), भादंसं की धारा 409 (आपराधिक विश्वासघात) और 120 बी (आपराधिक साजिश रचने के लिए सजा) के तहत मालीवाल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।''डीसीडब्ल्यू की पूर्व प्रमुख बरखा शुक्ला सिंह की शिकायत पर एसीबी ने जांच शुरू की है। बरखा सिंह ने आरोप लगाया था कि महिला आयोग में कई आप समर्थकों को नौकरी दी गयी है। अपनी शिकायत में बरखा सिंह ने 85 लोगों को नाम दिया है। उन्होंने दावा किया है कि इन्हें `अनिवार्य योग्यता के बिना' के नौकरी दी गयी है।
नई दिल्ली। भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (एसीबी) ने दिल्ली महिला आयोग में भर्तियों में कथित अनियमितता के सिलसिले में इसकी प्रमुख स्वाति मालीवाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। एसीबी के एक वरिष्" अधिकारी ने बताया, ``भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम की धारा 13 (डी), भादंसं की धारा 409 (आपराधिक विश्वासघात) और 120 बी (आपराधिक साजिश रचने के लिए सजा) के तहत मालीवाल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।''डीसीडब्ल्यू की पूर्व प्रमुख बरखा शुक्ला सिंह की शिकायत पर एसीबी ने जांच शुरू की है। बरखा सिंह ने आरोप लगाया था कि महिला आयोग में कई आप समर्थकों को नौकरी दी गयी है। अपनी शिकायत में बरखा सिंह ने 85 लोगों को नाम दिया है। उन्होंने दावा किया है कि इन्हें `अनिवार्य योग्यता के बिना' के नौकरी दी गयी है।
अधिकारी ने बताया कि एसीबी स्वाति मालीवाल के कर्मचारियों से पूछताछ के आधार पर पिछले दो-तीन महीनों से मामले की जांच कर रही थी। इसमें पाया गया कि `नियुक्तियों' में उचित प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया। उन्होंने बताया कि कुल 91 नियुक्त उचित प्रक्रियाओं के अनुरूप नहीं पाई गईं।एसीबी के अधिकारियों ने कल बरखा सिंह के आरोपों के सिलसिले में स्वाति मालीवाल से दो घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की थी। मालीवाल को 27 सवालों की सूची सौंपी गयी जिनका जवाब एक सप्ताह के भीतर मांगा गया है।

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