abslm 30/05/2021 Skmittal सफीदों :
स्वास्थ्य कर्मचारी संघ संबंधित भारतीय मजदूर संघ के प्रधान विकास कुमार ने आज रविवार को बताया कि आऊटसोर्सिंग कर्मचारियों की भर्ती करने वाले ठेकेदार की निरंतर मनमानियों ने स्वास्थ्य विभाग मे व्यवस्था को बेनकाब करते हुए यह संकेत दे दिया है कि किसी स्तर पर विभागीय अधिकारियों के साथ ठेकेदार की मिलीभगत है। इसी मिलीभगत के चलते वह तबादले का डर दिखाकर कर्मचारियों के शोषण पर उतारू है। सफीदों मे वार्ड एटैंडैंट के तौर पर तैनात एक आऊटसोर्सिंग विधवा कर्मचारी नीतू का उदाहरण देते हुए विकास ने कहा कि पिछले दिनों कोविड रोगियों की सेवा करते करते नीतू खुद कोरोना से संक्रमित हो गई थी। उसे होम कोरैंटाईन किया गया जिस कारण वह ड्यूटी पर नहीं आ सकी। होम कोरैंटाईन होने से उसका 17 दिन का वेतन पिछले ठेकेदार ने काट लिया क्योंकि सम्बन्धित अधिकारी ने इस दौरान उसे गैरहाजिर दिखा दिया। विकास ने बताया कि नीतू सफीदों के अमरावलीखेड़ा की है और अब अप्रैल माह से कार्यभार सम्भालने वाला नया ठेकेदार उसका तबादला सफीदों से 85 किलोमीटर दूर नरवाना उपमण्डल की उझाना सीएचसी मे करने का दबाव बना रहा है। उसका कहना था कि 13 हजार वेतन वाली विधवा कर्मचारी को हर रोज 85 किलोमीटर दूर ड्यूटी देकर अपने बच्चों का पालन करने मे कितनी कठिनाई होगी इसका अनुमान सभी लगा सकते हैं लेकिन ठेकेदार मनमानियों पर उतरा है और विभागीय अधिकारी मौन साधे हैं। विकास ने बताया कि यही कहानी कई अन्य कर्मियों की भी है और , सिविल सर्जन उनकी मांगों को सही मानते हैं लेकिन ठेकेदार की मनमर्जियों पर अंकुश नही है। उसने बताया कि सोमवार के धरने से भी उनका शोषण बंद नही हुआ तो वे सहयोग कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों की राय से आन्दोलन को नया रूप देने को विवश होंगे।

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